वो आप की बाहों में हो |

हर दिन खिला हुआ तो  फूलों सी महक रातों में हो |
सोचो किसी सितारे को और चाँद आपके हाथों में हो |
क्या हकीकत क्या सपना, एक नींद का ही तो फर्क है
आँख खोलो तो मिल जाए वो, जो आपके ख़्वाबों में हो |
बात बोलो नज़ारे हसें, मुस्कुरा दो तो शाम हो जाए,
फिजा दीवानी हो आपकी, ख़ुशी आपके क़दमों में हो |
जो अधूरा रह गया, रह गया,अब इतना कर दो मौला
जिसे पूरे दिल से मांगों आप, वो आप की बाहों में हो |